खुशदीप सहगल
बंदा 1994 से कलम-कंप्यूटर तोड़ रहा है

ब्लॉगिंग उड़ान भरने के लिए तैयार...खुशदीप

Posted on
  • Monday, May 21, 2012
  • by
  • Khushdeep Sehgal
  • in
  • Labels: , , , ,
  • .

    थिंक  पाज़िटिव...बी पाज़िटिव...​  

    ब्लॉगिंग  उड़ान  भरने के लिए  तैयार...

    जी हां...हिंदी ब्लॉगिंग  शीघ्र  ही विश्व में उस  मकाम  को प्राप्त  कर लेगी जिसके लिए ये पिछले एक दशक (?) से प्रयासरत  है...बस कान्फिडेंस  होना चाहिए...इसके  लिए  'गुरमुख आफ फगवाड़ा' को रोल माडल बनाया जा सकता है...आप कहेंगे भाई ये गुरमुख कौन ?...​

    इनका आज  ही मैंने परिचय जाना...खुशवंत  सिंह के साप्ताहिक कालम 'With malice towards one and all' में दिल्ली के परमजीत सिंह कोचर के सौजन्य से...आप भी मुलाहिज़ा फ़रमाइए...​

    राष्ट्रपति ओबामा ओवल आफिस  में गहन  चिंतन मुद्रा में बैठे हैं...ये सोचते हुए  कि अब अकारण  किस  देश  पर हमला करना है...तभी उनके फोन  की रिंग बजती है...''हेलो, मिस्टर ओबामा'' ...दूसरी तरफ  से मोटी सी आवाज़  आती है...''दिस  इज़  गुरमुख  फ्राम  फग़वाड़ा, डिस्ट्रिक्ट  कपूरथला, पंजाब ...मैंने फोन ये जानकारी देने के लिए किया है कि हम आधिकारिक तौर पर अमेरिका के ख़िलाफ़  जंग  शुरू करने जा रहे हैं''...​
    ​​
    ''वेल  गुरमुख''...ओबामा ने जवाब  दिया...''ये तो वाकई  अहम  खबर है..तुम्हारी फौज  कितनी बड़ी है''...​


    ''अभी इस  वक्त''...गुरमुख  ने कुछ  हिसाब  लगाते हुए  कहा...''मैं, मेरा चचेरा परा सुखदेव, मेरा पड़ोसी भगत और हमारी कब्बडी टीम...कुल मिलाकर हम आठ हैं''...​


    ओबामा ने कुछ रूक कर कहा...''हूं...गुरमुख,  क्या मैं बता सकता हूं कि मेरे दस लाख  सैनिक  किसी भी वक्त  मेरी कमांड  पर मूवमेंट के लिए तैयार हैं''...​


    ''ओह, हो...मैं क्या जी''..गुरमुख  कुछ  सोचते हुए...'मैं बाद  में काल करता हूं''...​


    अगले दिन ओबामा को फिर गुरमुख की काल...''मिस्टर  ओबामा, इट इज़  गुरमुख...मैं फगवाड़ा  के  एसटीडी बूथ  से काल  कर  रहा हूं...जंग  जारी है...हमने कुछ इन्फैंट्री इक्विपमेंट्स  इकट्ठा कर  लिए हैं''...​
    ​​
    ​ओबामा...''इट  सीम्स  इंटरेस्टिंग...गुरमुख   किस   तरह   के  इक्विपमेंट्स  हैं  ये''...
    ​​
    ​गुरमुख ...''हमारे  पास  दो कंबाइन्स हैं...एक   गधा  और  अमरीक  का  एक ट्रैक्टर''...​

    ओबामा ठंडी  सांस  लेते हुए...''गुरमुख,  मैं बताना चाहूंगा कि हमारे  पास  सोलह  हज़ार  टैंक्स,  चौदह   हज़ार  बख्तरबंद  गाड़ियां  है...और   हमारे  पिछली  बार   बात   करने  के  बाद  से   हमारी  सेना  भी  बढ़कर   पंद्रह   लाख   हो  चुकी है''...​


    ''ओ    तेरी''....गुरमुख  के मुंह  से ये निकला...साथ   ही उस ने  फिर  फोन  करने  की  बात   कही...​
    अगले  दिन  गुरमुख   का  फिर  फोन...''मिस्टर  ओबामा....हमारी  तरफ़  से जंग  अब  भी  जारी है...हम  इस  बीच  में खुद  को एयरबार्न  करने  में कामयाब  हुए  है...हमने  अमरीक   के ट्रैक्टर  पर  दो शाटगन्स लगाने के अलावा  कुछ  पर  भी  लगा  दिए  है...साथ  ही पिंड  का जेनेरेटर  भी  फिट  कर  दिया  है...मालपुर  के चार  स्कूल  पास  लड़के  भी  हमसे  आ   जुड़े  हैं''...​


    ओबामा  ने  एक   मिनट  चुप  रहने  के बाद  गला साफ़   करते हुए  कहा...''आई  मस्ट  ​टेल   यू,  गुरमुख ,  मेरे  पास   दस  हज़ार  बाम्बर्स  हैं...बीस  हज़ार  फाइटर्स  प्लेन  हैं...हमारा  मिलिट्री  काम्पलेक्स  चारों ओर  से  लेज़र  गाइडेड  सरफेस  टू  एयर  मिसाइल्स  साइट   से घिरा  है...और  अब  तक  हमारे सैनिक  भी  बीस  लाख  हो चुके हैं''...


    ''तेरा  भला  होए ...ओ''...गुरमुख   ने  कहा...''मैं फिर  फोन  करता  हूं''...​


    अगले दिन  गुरमुख का  फोन...''किदां (कैसे हो) मिस्टर  ओबामा....मुझे खेद  के साथ  बताना पड़  रहा है कि हमने जंग  खत्म करने का फैसला किया है''...​


    ओबामा...''ये अचानक दिल  बदलने का कारण''...


    गुरमुख...''वेल...हम  सबने आपस में लस्सी सेशन  में काफ़ी  देर  तक  बात  की...और  फिर  इस  नतीजे  पर  पहुंचे कि फिलहाल हमारे पास  बीस  लाख  युद्धबंदियों को खिलाने-ठहराने का बंदोबस्त नहीं है''...​


    इसे कहते है पंजाबी  कान्फिडेंस....

    26 comments:

    1. मुझे डर है कि आपको कहीं सदी का सबसे कान्फ़ीडेंट ब्लॉगर सम्मान न दे दिया जाये।

      ReplyDelete
      Replies
      1. @अनूप शुक्ल

        महागुरुदेव,
        सही कहा आपने...लेकिन इसे थोड़ा तोड़ दीजिए...काफ़ी डेंट वाला ब्लॉगर सम्मान...

        जय हिंद...

        Delete
      2. न भाई! अब जो कह दिया सो कह दिया। अपनी बात पर पुनर्विचार करने की हमको आदत नहीं है। आपको सदी का सबसे कान्फ़ीडेंट ब्लॉगर ही कहा जायेगा फ़िलहाल। बाकी के इनाम अलग से। प्लीस बीयर विद अस। :)

        Delete
    2. वाकई मामला कांफिडेंट है ...
      :)

      ReplyDelete
    3. हा हा हा बढिया ब्लॉगरी उड़ान है ।

      ReplyDelete
    4. पर इसके लिये तो लस्सी सेशन करना पड़ेगा जी ।

      ReplyDelete
      Replies
      1. @Vivek Rastogi

        विवेक भाई,
        लिट्टी चोखा फेसबुक पर दिखा दिखा कर ललचाते रहते हैं, लस्सी सेशन में साथ ले आइएगा...

        जय हिंद...

        Delete
    5. इस समस्या के कारण स्थगित करते हैं....

      ReplyDelete
    6. bahut bada intezaam chahiye bhai.........

      saala aise kaam ke liye koi chanda bhi nahin deta

      ReplyDelete
      Replies
      1. @AlbelaKhatri

        अलबेला जी,
        चंदा के बापू ने ये सुन लिया है...बंदूक लेकर आपका पता पूछ रहा है...

        जय हिंद...

        Delete
    7. वाकई पंजाबियों मे बला का दम है देखो तभी तो बार बार बीमारी को मात दे कर यहाँ पहुँच जाती हूँ।

      ReplyDelete
    8. ओये गुरमुख ! बिना लड़े ही ओबामा को पटखनी दे दी !

      बेस्ट पैंतरेबाज का इनाम भी अब होना चाहिए ब्लौगिंग में :-)

      ReplyDelete
      Replies
      1. @संतोष त्रिवेदी
        सब आप जैसे यार-दोस्तों की कृपा है, वरना बंदा क्या चीज़ है...

        ये मैं नहीं गुरमुख कह रहा है...

        जय हिंद...

        Delete
    9. ओ जी कमाल है जी...बल्ले बल्ले ते शावा शावा...पंजबियाँ डा जवाब नहीं...

      नीरज

      ReplyDelete
    10. कमाल की पोस्ट है .बहुत बढ़िया .
      पंजाबी ! !

      ReplyDelete
    11. कोंफिडेंस दा जबाब नहीं :):)

      ReplyDelete
    12. कोंफिडेंस दा जबाब...........
      मुश्किल है

      ReplyDelete
    13. अरे ..हम कहाँ खड़े हैं इस ब्लोगरी उड़ान में ?????????

      ReplyDelete
      Replies
      1. @anju(anu) choudhary

        अंजू बहना, उड़ान में शामिल होने के लिए पहले मसक्कली-मसक्कली डांस सीखना होगा...

        जय हिंद...

        Delete
    14. बांकी सब बातें बाद में फ़ौरन गुरमुख पाजी दा इक ब्लॉग ओतेरी ...प्लॉग बनवाओ हुण खुशदीप पाई । ऐ त छा गए . ...

      ReplyDelete
    15. बी पाजीटिव , सी पाजिटिव , पी पाजिटिव |

      शुकुल साहब के कमेन्ट में कुछ हिडेन है , उसे यूं पढ़ा जाए : प्लीज़ (ड्रिंक) बियर विद अस |

      उसके बाद तो पता ही नहीं चलता कि कान्फिडेंस आप में है ,या आप कान्फिडेंस में है |

      ReplyDelete
    16. इसे कहते हैं जी कॉन्फ़िडेंस.... :-)

      ReplyDelete

     
    Copyright (c) 2009-2012. देशनामा All Rights Reserved | Managed by: Shah Nawaz